नैनीताल। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन, नैनीताल की एक महत्वपूर्ण बैठक शुक्रवार को एसोसिएशन सभागार में आयोजित की गई।
बैठक की अध्यक्षता बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डी.सी.एस. रावत ने की । जिसमें आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान एक अधिवक्ता को 24 घंटे की न्यायिक हिरासत में भेजे जाने की घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया गया।
सभा में उपस्थित अधिवक्ताओं ने एक स्वर में इस घटना की कड़ी भर्त्सना की। वक्ताओं ने कहा कि इस प्रकार की घटना न केवल संविधान की मर्यादा के खिलाफ है, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया के मूल सिद्धांतों के भी विरुद्ध है। अधिवक्ताओं ने इस कृत्य को न्यायपालिका और अधिवक्ता समाज के बीच के संतुलन को बिगाड़ने वाला बताया।
बैठक का सफल संचालन महासचिव सौरव अधिकारी द्वारा किया गया। इस दौरान बार काउंसिल ऑफ इंडिया के सह-अध्यक्ष डी.के. शर्मा,वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ .एम एस पाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक में बार के वरिष्ठ पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने सक्रिय रूप से अपनी भागीदारी दर्ज कराई।
बैठक में मुख्य रूप से एम.सी. पंत, बी.एस. अधिकारी, योगेश पचोलिया, मीना बिष्ट, राजेश शर्मा, टी.एस. फर्त्याल, विश्वस्थ काण्डपाल, डी.एस. मेहता ,गौरव काण्डपाल समेत भारी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे। सभी ने एकमत होकर इस मुद्दे पर अपना विरोध दर्ज किया।


