खबर शेयर करें 👉

नैनीताल । उत्तराखण्ड हाई ने पॉक्सो एक्ट में आपसी समझौता करने के मामले में दायर याचिका पर सुनवाई की। मामले की सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति शरद शरद कुमार शर्मा की एकलपीठ ने समझौते को निरस्त करते हुए अभियुक्त को कोर्ट से जेल भेज दिया । साथ ही एसएचओ रुद्रपुर को निर्देश दिए है कि पीड़िता व उसकी माता को पुलिस सुरक्षा दी जाय।

मामले के अनुसार रुद्रपुर की पीड़िता ने रुद्रपुर थाने में 2022 को प्राथमिकी दर्ज कराकर कहा था कि उसके पिता की दी शादियां है। उसके पिता किसी अन्य केस के चलते जेल में हैं। जब वह 9 साल की थी तब उसके साथ पिता व चाचा ने दुष्कर्म किया।

ALSO READ:  भाजपा के उत्तराखंड प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम व पूर्व जिला पंचायत सदस्य आरती गौड़ की एफ आई आर निरस्त करने संबंधी पूर्व विधायक सुरेश राठौर की याचिका पर उत्तराखंड हाईकोर्ट ने दिया अहम फैसला ।

 

उसके चाचा सलीम सलमानी बार बार उन्हें समझौते के लिए दवाब डाल रहे हैं। अपनी जान माल की डर से वे से समझौते लिए तैयार हुए। पुलिस ने दोनों अभियुक्तों के खिलाफ आईपीसी की धारा 323,504,506,376 व पॉक्सो एक्ट की धारा 5,6,9,10 के तहत मुकदमा दर्ज किया ।

ALSO READ:  100वीं अखिल भारतीय ट्रेड्स कप हॉकी प्रतियोगिता का रंगारंग शुभारंभ, हॉकी अकादमी रुद्रपुर ने जीता उद्घाटन मुकाबला,

आज सुनवाई के दौरान पीड़िता ने कहा कि उन्हें और उनकी माता को जानमाल का भय है। कोर्ट ने इस बात का संज्ञान लेकर याचिका को निस्तारित करते हुए आरोपी चाचा को जेल भेज दिया साथ मे पीड़िताओं को पुलिस सुरक्षा देने के आदेश दिए हैं।

You missed

You cannot copy content of this page