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नैनीताल । बनभूलपुरा में अतिक्रमण हटाने गई पुलिस व प्रशासन की टीम पर हमला करने के लिये भीड़ को उकसाने का मास्टर माइंड हाजी अब्दुल मलिक है ।जो मलिक का बगीचा क्षेत्र का कब्जेदार था । जिसे इस क्षेत्र को नगर निगम के आदेश के तहत खाली करना था और उसे हाईकोर्ट से भी राहत नहीं मिली थी ।

नैनीताल के एसएसपी प्रह्लाद मीणा के मुताबिक इस दंगे के लिये हाजी अब्दुल मलिक समेत कई अन्य को हिरासत में लिया गया है और उससे पूछताछ की जा रही है ।

अब तक पुलिस ने 5000 लोगों के खिलाफ दर्ज कराई है । साथ ही हिंसा के मास्टरमाइंड समेत अन्य दंगाईयों के पर एन एस ए लगाने की तैयारी है ।

आरोप है कि अब्दुल मलिक ने सरकारी जमीन पर कब्जा करने और फिर उन्हें बेचने की साजिश रची। ।अब्दुल मलिक के बागीचे को लेकर नगर निगम की ओर से उसे नोटिस भेजा गया था और कहा गया था कि अगर उसने अवैध निर्माण को नहीं हटाया तो प्रशासन ‘नजूल भूमि कानून 2009 और 2021’ के साथ नगर निगम अधिनियम 1959 के प्रावधानों के तहत अवैध निर्माण को हटा देगी । कहा जा रहा है कि नोटिस के बावजूद अब्दुल मलिक ने कब्जा नहीं हटाया और अपने समुदाय के कुछ लोगों के साथ नगर निगम कार्यालय के बाहर पहुंच गया । इस दौरान उसने नारेबाजी की और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पर कानून व्यवस्था के बिगड़ने की धमकी दी ।

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अब्दुल के बगीचे में नमाज स्थल व मदरसा संचालित था । जिसे प्रशासन द्वारा ध्वस्त किया गया है । इसी के विरोध में बनभूलपुरा में व्यापक हिसा व आगजनी हुई ।

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क्षेत्र में प्रशासन ने भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया है और यहां किसी तरह की आवाजाही बन्द है । लोग 8 फरवरी की शाम से घरों में कैद हैं ।

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